2025 में 138 NI एक्ट को और सख्त किया गया है।
- 90 दिन के अंदर नोटिस भेजना जरूरी
- 30 दिन में जवाब न आए तो कोर्ट में केस फाइल
- अब दोषी को 2 साल तक की सजा + चेक की रकम का दोगुना जुर्माना
- 20% ब्याज + वकील खर्चा भी वसूल होता है
- 70% केस 1-1.5 साल में सेटल हो जाते हैं हमने पिछले साल 340+ चेक बाउंस केस में क्लाइंट को पूरा पैसा + ब्याज दिलवाया। CTA: आपका चेक बाउंस हुआ है? आज ही नोटिस ड्राफ्ट करवाएं – पहली सलाह फ्री।





